
क्लोरीन टेबलेट का वितरण कर लोगों को शुद्ध पेयजल के लिए किया जा रहा जागरूक
धमतरी। बरसात के मौसम में जलजनित एवं मच्छरजनित बीमारियों की आशंका बढ़ जाती है।इसे देखते हुए जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग द्वारा मलेरिया, डेंगू सहित अन्य संक्रामक बीमारियों की रोकथाम के लिए सतत निगरानी, जनजागरूकता और आवश्यक preventive measures किए जा रहे हैं। ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में जल स्रोतों के शुद्धिकरण पर विशेष ध्यान देते हुए क्लोरीन टेबलेट का वितरण किया जा रहा है।साथ ही हैंडपंप, कुएं एवं अन्य जलस्रोतों के नियमित क्लोरीनीकरण के लिए आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।वहीं कलेक्टर ने जिलेवासियों से अपील की है कि बारिश के मौसम में स्वच्छता और स्वास्थ्य के प्रति विशेष सावधानी बरतें। कहा कि “मलेरिया और डेंगू सहित जलजनित बीमारियों की रोकथाम में प्रशासन के प्रयासों के साथ जनभागीदारी भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। नागरिक अपने घर और आसपास पानी जमा न होने दें, पेयजल को सुरक्षित एवं शुद्ध रखें तथा बुखार या बीमारी के लक्षण दिखाई देने पर तत्काल नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराएं। समय पर जांच और उपचार से बीमारी को गंभीर होने से रोका जा सकता है,बारिश के दौरान उल्टी-दस्त, बुखार, पीलिया, मलेरिया एवं आंत्रशोध जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इनसे बचाव के लिए स्वच्छ एवं सुरक्षित पेयजल का उपयोग करें तथा सड़ी-गली सब्जियां और फल का सेवन न करें तथा दस्त होने की स्थिति में शरीर में पानी एवं आवश्यक लवणों की कमी को दूर करने के लिए लो-ऑस्मोलर ओआरएस घोल का सेवन करना चाहिए।जिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि “हर रविवार, मच्छर पर वार” की भावना के साथ घर एवं आसपास जमा पानी की नियमित सफाई करें। किसी भी प्रकार के बुखार अथवा संदिग्ध लक्षण होने पर स्वयं दवा लेने के बजाय चिकित्सकीय सलाह लें। शासकीय स्वास्थ्य संस्थाओं में आवश्यक जांच एवं उपचार की सुविधाएं उपलब्ध हैं।


