
सेलदीप में शिक्षा जागरूकता कार्यक्रम में उमड़ा जनसैलाब, कलेक्टर बोले— “बच्चों की शिक्षा सबसे बड़ा निवेश, प्रशासन हर कदम पर साथ”
धमतरी। ग्राम सेलदीप में शिक्षा के प्रति जनजागरूकता एवं सामुदायिक सहभागिता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से आयोजित विशेष कार्यक्रम शिक्षा के क्षेत्र में सामाजिक भागीदारी का प्रेरक उदाहरण बनकर सामने आया।कलेक्टर ने कहा कि किसी भी समाज का भविष्य बच्चों की शिक्षा पर निर्भर करता है,ग्राम सेलदीप में मातृशक्ति एवं ग्रामीणों की सहभागिता इस बात का प्रमाण है कि गांव के लोग अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के प्रति सजग और संवेदनशील हैं,जब पूरा समुदाय विद्यालय के विकास की जिम्मेदारी अपने हाथों में लेता है, तब सीमित संसाधनों वाला विद्यालय भी उत्कृष्ट संस्थान बन सकता है और सेलदीप इसका सशक्त उदाहरण है,यह पहल आने वाले समय में अन्य गांवों के लिए भी प्रेरणा बनेगी। कहा, “बच्चे आपकी सबसे बड़ी पूंजी हैं,आज उनकी शिक्षा में किया गया निवेश भविष्य में समाज और परिवार दोनों के लिए अमूल्य संपत्ति सिद्ध होगा,यदि बच्चे अच्छी शिक्षा प्राप्त कर आगे बढ़ेंगे तो गांव, जिले और प्रदेश का नाम रोशन करेंगे अतःअभिभावकों से बच्चों की नियमित उपस्थिति, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा तथा नैतिक मूल्यों के विकास पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया।कलेक्टर ने बताया कि जिला प्रशासन क्षेत्र के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से कुरूद क्षेत्र में नर्सिंग कॉलेज, आईटीआई, बी.एड. कॉलेज एवं पॉलिटेक्निक जैसे शैक्षणिक संस्थानों की स्थापना की दिशा में कार्य कर रहा है, इन संस्थानों के प्रारंभ होने से स्थानीय युवाओं को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा तथा क्षेत्र में कौशल विकास एवं रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे।अजीम प्रेमजी फाउंडेशन की छात्रवृत्ति योजना की जानकारी देते हुए अभिभावकों से विशेष रूप से बेटियों को उच्च शिक्षा के लिए कॉलेज में प्रवेश दिलाने का आग्रह किया। साथ ही श्रम विभाग की विभिन्न शिक्षा प्रोत्साहन योजनाओं का उल्लेख करते हुए संबंधित अधिकारियों को क्षेत्र में विशेष शिविर आयोजित कर पात्र हितग्राहियों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए।कहा कि “आप एक कदम आगे बढ़ाइए, जिला प्रशासन दो कदम आगे बढ़कर आपका सहयोग करेगा। शिक्षा के क्षेत्र में समाज और प्रशासन की साझेदारी ही बच्चों का बेहतर भविष्य सुनिश्चित करेगी।”इस दौरान जवाहर नवोदय विद्यालय में चयनितछात्र-छात्राओं का सम्मान किया गया तथा विद्यालय के विकास एवं शैक्षणिक गतिविधियों में सहयोग देने वाले दानदाताओं, समाजसेवियों एवं सहयोगकर्ताओं को भी प्रशस्ति-पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया तथा प्रत्येक बच्चे को नियमित रूप से विद्यालय से जोड़ने का सामूहिक संकल्प भी लिया गया।


