
ब्रह्मकुमारीज शिव सरोवर में विज्ञान के साथ आध्यात्मिकता अपनाने पर जोर
धमतरी। ब्रह्मकुमारीज शिव सरोवर में अभियंता दिवस के अवसर पर प्रेरणादायी कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने अभियंताओं के तकनीकी योगदान के साथ मनुष्य के आंतरिक विकास और आध्यात्मिक सशक्तिकरण को भी आवश्यक बताया।
अधीक्षण अभियंता एम.एल. साहू ने कहा कि प्रकृति और मानव शरीर की अद्भुत संरचना को देखकर परमात्मा को सबसे बड़ा इंजीनियर कहा जा सकता है। उन्होंने अभियंताओं से सर मोक्षगुंडम विश्वेश्वरैया के जीवन से प्रेरणा लेने का आह्वान किया। सिविल कॉन्ट्रेक्टर प्रदीप अग्रवाल ने कहा कि कार्य के प्रति ईमानदारी, लगन और समर्पण सफलता का आधार है। वहीं राजयोगिनी ब्रह्माकुमारी सरिता दीदी ने कहा कि अभियंता बाहरी निर्माण करता है, जबकि आध्यात्मिकता मनुष्य के आंतरिक निर्माण की इंजीनियरिंग सिखाती है। मन को शांत और सशक्त रखकर श्रेष्ठ चिंतन, संस्कार एवं निर्णय क्षमता का विकास किया जा सकता है। उन्होंने विज्ञान के साथ आध्यात्मिकता को अपनाने का संदेश दिया।कार्यक्रम के अंत में अतिथियों को स्मृति-चिह्न भेंट कर सम्मानित किया गया।

