

530 ग्रामों में हर घर जल की सुविधा, चार बहुग्रामीय जल प्रदाय योजनाओं से 219 गांव होंगे लाभान्वित
धमतरी। हर घर जल अभियान के तहत धमतरी जिला पूरे छत्तीसगढ़ में प्रथम स्थान पर है। जिले के कुल 622 ग्रामों में से लगभग 530 ग्रामों में हर घर जल की उपलब्धि हासिल की जा चुकी है।जल जीवन मिशन का उद्देश्य केवल घरों तक नल कनेक्शन पहुंचाना नहीं, बल्कि प्रत्येक ग्रामीण परिवार को नियमित, सुरक्षित और पर्याप्त पेयजल उपलब्ध कराकर जीवन की गुणवत्ता में सुधार लाना है।जिले में जल स्रोतों की उपलब्धता, स्थानीय परिस्थितियों और भविष्य की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए जल प्रदाय व्यवस्था को सुदृढ़ किया जा रहा है।जिले के ऐसे क्षेत्रों, जहां भूजल स्तर कम होने अथवा गर्मी के मौसम में जल संकट की स्थिति निर्मित होती है, वहां बहुग्रामीय जल प्रदाय योजना (मल्टी विलेज स्कीम) के माध्यम से स्थायी पेयजल व्यवस्था विकसित की जा रही है। जिले में चार प्रमुख योजनाओं का निर्माण किया जा रहा है, जिनसे कुल 219 गांव लाभान्वित होंगे।इनमें कुरूद विकासखंड की सिर्री बहुग्रामीय जल प्रदाय योजना से 84 गांव, मगरलोड की मेघा योजना से 59 गांव, नगरी की घटुला योजना से 36 गांव तथा नगरी की सांकरा योजना से 40 गांव लाभान्वित होंगे। इन योजनाओं के माध्यम से जल स्रोतों से पाइपलाइन नेटवर्क द्वारा अनेक गांवों तक पेयजल पहुंचाया जाएगा। इससे गर्मी के दिनों में जलस्तर कम होने वाले क्षेत्रों में भी पेयजल की स्थायी उपलब्धता सुनिश्चित करने में मदद मिलेगी।वहीं घर-घर नल कनेक्शन की सुविधा से ग्रामीण परिवारों के दैनिक जीवन में सकारात्मक बदलाव आएगा। विशेष रूप से महिलाओं और बच्चों को दूर स्थित हैंडपंप, कुएं अथवा अन्य जल स्रोतों से पानी लाने में लगने वाले समय एवं श्रम से राहत मिलेगी। बचने वाले समय का उपयोग महिलाएं आजीविका, रोजगार, परिवार की देखभाल और अन्य सामाजिक गतिविधियों में कर सकेंगी। वहीं बच्चों को पढ़ाई एवं अन्य रचनात्मक गतिविधियों के लिए अधिक समय मिल सकेगा।साथ-साथ यह पहल महिलाओं के सशक्तीकरण, बच्चों की शिक्षा और ग्रामीण परिवारों की सुविधा बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।कलेक्टर ने कहा कि जल जीवन मिशन शासन की प्राथमिकता वाली योजना है, जिसका सीधा संबंध ग्रामीण परिवारों के स्वास्थ्य, सम्मान और जीवन की सहजता से है। धमतरी जिले का राज्य में प्रथम स्थान प्राप्त करना अधिकारियों, मैदानी अमले, पंचायत प्रतिनिधियों और ग्रामीणों के सामूहिक प्रयासों का परिणाम है।कहा कि जिले के शेष गांवों को भी हर घर जल की सुविधा से जोड़ने के लिए कार्यों की निरंतर निगरानी की जा रही है। जल स्रोतों की स्थिरता, गुणवत्तापूर्ण निर्माण और नियमित जलापूर्ति पर विशेष ध्यान देते हुए धमतरी को पूर्णतः नल-जलयुक्त जिला बनाने की दिशा में प्रभावी प्रयास जारी रहेंगे।


