

धमतरी। जिला स्वास्थ्य विभाग एवं यूनिसेफ छत्तीसगढ़ के संयुक्त तत्वावधान में जिले के ANM एवं मितानिन प्रशिक्षकों का एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य स्वास्थ्यकर्मियों की तकनीकी क्षमता को सुदृढ़ कर,कार्यक्षेत्र में प्रभावी स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने हेतु सक्षम बनाना रहा।
इस दौरान टाइप-1 डायबिटीज़ की प्रारंभिक पहचान, उपचार एवं दीर्घकालीन प्रबंधन, काउंसलिंग की भूमिका, रोगी सहायता समूह, समुदाय आधारित जागरूकता, मानसिक स्वास्थ्य तथा पारिवारिक सहयोग जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से जानकारी दी गई।तथा इसके माध्यम से प्रतिभागियों ने अपने अनुभव साझा किए तथा विषय से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शीला साहा ने कहा कि यह पहल बच्चों के स्वास्थ्य संरक्षण की दिशा में एक सराहनीय और प्रेरणादायक कदम है, जिससे बाल मधुमेह से पीड़ित बच्चों को समय पर उचित देखभाल एवं मार्गदर्शन मिल सकेगा।इस कार्यक्रम में जिले के सभी संबंधित अधिकारियों एवं स्वास्थ्यकर्मियों की शत-प्रतिशत सहभागिता रही, जो भविष्य में रोगियों के लिए अत्यंत लाभकारी सिद्ध होगी।


