
सात दिनों से चल रहा था इलाज
धमतरी। उदंती सीता नदी टाइगर रिजर्व के कर्मचारियों को जानकारी मिली थी कि एक हथिनी गंभीर रूप से बीमार है और कई दिनों से कुछ खा नहीं पा रही है, स्थिति की गंभीरता को देखते हुए यूएसटीआर लाया गया, जहां पिछले सात दिनों से लगातार इलाज चल रहा था। इलाज के दौरान हथिनी की हालत में कुछ सुधार भी हुआ था।जिससे वन विभाग और चिकित्सकों को उसके स्वस्थ होने की उम्मीद जगी थी।15 जनवरी को अचानक तबीयत फिर से बिगड़ गई। स्थिति को संभालने के लिए जंगल सफारी और कानन पेंडारी जू के विशेषज्ञ डॉक्टरों की भी सहायता ली गई। सभी प्रयासों के बावजूद शनिवार सुबह हथिनी की मौत हो गई।डीएफओ वरुण ने बताया कि हथिनी की बीमारी गंभीर और जटिल थी। उल्लेखनीय है कि सितंबर में इसी प्रकार की बीमारी से ग्रस्त एक नर हाथी को समय रहते उपचार देकर बचा लिया गया था। उस अनुभव के आधार पर इस बार भी पूरी कोशिश की गई, लेकिन हथिनी की स्थिति अत्यंत नाजुक होने के कारण सफलता नहीं मिल सकी।


