
पर्यटन, रोजगार एवं मूलभूत सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण पर विशेष जोर
धमतरी। ग्रामों के समग्र विकास को लेकर कलेक्टर ने सरपंच संघ के पदाधिकारियों एवं जिलेभर के सरपंचों के साथ बैठक ली। बैठक में ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वांगीण विकास, पर्यटन संवर्धन, रोजगार सृजन तथा मूलभूत सुविधाओं के विस्तार पर विस्तृत चर्चा की गई।कलेक्टर ने कहा कि ग्राम का वास्तविक विकास तभी संभव है,लोगों को स्थानीय स्तर पर रोजगार उपलब्ध हो, पर्यटन की संभावनाओं का सदुपयोग हो तथा मूलभूत सुविधाएं सहज रूप से पहुंचे।तथा सरपंचों से आग्रह किया कि वे अपने ग्रामों की आवश्यकताओं एवं संसाधनों को ध्यान में रखते हुए विकास प्रस्ताव तैयार करें, जिससे योजनाओं का क्रियान्वयन सुनिश्चित किया जा सके।
जिन ग्रामों में मुख्य मार्ग के निकट व्यावसायिक परिसर अथवा भूमि की आवश्यकता है,वहां प्रशासन द्वारा एनओसी एवं भूमि आबंटन की सुविधा प्रदान की जाएगी।तथा सचिवों को प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। बताया कि नरहरा एवं मैडमसिल्ली बांध क्षेत्र में पर्यटन समिति का गठन किया गया है, जिससे स्थानीय नागरिकों को रोजगार के अवसर प्राप्त हो रहे हैं। इसी तर्ज पर सिहावा, कर्णेश्वर, श्रृंगीऋषि एवं संगम क्षेत्र में भी पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देने के प्रयास किए जाएंगे।
कलेक्टर ने कहा कि पर्यटन स्थलों पर वाहन शुल्क से प्राप्त राशि का उपयोग स्थानीय विकास एवं रोजगार सृजन में किया जाएगा, जिससे ग्रामीणों की आर्थिक स्थिति मजबूत हो सके।ग्रामों के सरपंचों ने सड़क निर्माण, आंगनबाड़ी, विद्यालय, स्वास्थ्य केंद्र, पेयजल एवं पहुंच मार्ग से संबंधित समस्याएं रखीं। जिस पर ने सभी समस्याओं के शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया तथा संबंधित विभागों को कार्यवाही के निर्देश दिए।ग्रामों में राजस्व भूमि की जानकारी एकत्र की जाए ताकि भविष्य में फूड पार्क जैसी परियोजनाएं स्थापित की जा सकें। साथ ही सामाजिक मुद्दों पर भी चिंता जताते हुए कहा कि नशा समाज को कमजोर करता है, इसलिए नशे की रोकथाम में पंचायत स्तर पर सामूहिक प्रयास आवश्यक हैं। अवैध कारोबार करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।


