
छत्तीसगढ़ जनसंपर्क अधिकारी संघ ने विभागीय अधिकारी के साथ कार्यालय में घुसकर अभद्रता एवं तोड़फोड़ की कड़ी निंदा की
धमतरी। छत्तीसगढ़ जनसम्पर्क अधिकारी संघ के अध्यक्ष तंबोली ने घटना को योजनाबद्ध और सोची-समझी साजिश करार दिया। कहा कि हमलावरों का एक साथ शासकीय कार्यालय में घुसना, वरिष्ठ अधिकारी के साथ अभद्रता करना, सरकारी संपत्ति को क्षतिग्रस्त करना और खुलेआम धमकियां देना इस बात का प्रमाण है कि कुछ असामाजिक तत्व पत्रकारिता की आड़ में गुंडागर्दी कर रहे हैं।तंबोली ने कहा कि जनसंपर्क विभाग शासन द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं का समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुँचाने का कार्य करता है।न सिर्फ शासन और समाज के लिए कार्य करते हैं बल्कि पत्रकारों के हित में सदैव तत्पर रहते हैं।ऐसी स्थिति में इस प्रकार की घटनाएँ केवल किसी अधिकारी की व्यक्तिगत गरिमा पर ही नहीं, बल्कि पूरे प्रशासनिक तंत्र पर हमला हैं। संघ ने मांग की है कि इस प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच कर दोषियों को तत्काल गिरफ्तार किया जाए,शामिल व्यक्तियों पर भारतीय न्याय संहिता की कठोर धाराओं के तहत अपराध दर्ज कर कड़ी कार्रवाई की जाए।तंबोली ने कहा कि प्रदेश के मुख्यमंत्री जनसंपर्क विभाग के भी भारसाधक मंत्री हैं, उनके नेतृत्व में प्रत्येक अधिकारी कर्मचारी पूरी निष्ठा से कार्य करते हैं, ऐसे में मुख्यमत्री से आग्रह है कि वह दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई सुनिश्चित करें व सुरक्षा एवं अपना संरक्षण प्रदान करें। संघ ने निर्णय लिया है कि शीघ्र ही से प्रतिनिधिमंडल भेंट करेगा।


